दुर्गा हवन देवी दुर्गा को समर्पित अग्नि अनुष्ठान है, जिसमें शक्ति, सुरक्षा और बाधाओं के निवारण हेतु उनकी सुरक्षात्मक और शक्तिशाली ऊर्जा का आह्वान किया जाता है।
120 min फिजिकल Havan & Yagya
क्यों करें दुर्गा हवन?
देवी दुर्गा की सुरक्षात्मक शक्ति का आह्वान करता है
बाधाओं और नकारात्मक प्रभावों के निवारण की कामना
प्रायः नवरात्रि या देवी उपासना के समापन पर किया जाता है
कब करें दुर्गा हवन ?
सामान्यतः नवरात्रि के दौरान, विशेष रूप से अष्टमी या नवमी को, या जब भी देवी दुर्गा का आशीर्वाद चाहिए हो, तब किया जाता है।
कैसे की जाती है दुर्गा हवन ?
संकल्प
हवन के उद्देश्य को बताते हुए संकल्प लिया जाता है।
दुर्गा पूजा
अग्नि अनुष्ठान से पहले देवी दुर्गा की पूजा फूलों और मंत्रों के साथ की जाती है।
हवन
दुर्गा मंत्रों का जाप करते हुए पवित्र अग्नि में घी और सामग्री की आहुति दी जाती है।
आवश्यक सामग्री
हवन सामग्री
घी और सूखा नारियल
फूल, कुमकुम और अक्षत
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
क्या दुर्गा हवन केवल नवरात्रि के दौरान ही किया जाता है?
यह अधिकतर नवरात्रि में किया जाता है, परंतु जब भी विशेष रूप से सुरक्षा या शक्ति की आवश्यकता हो, तब भी किया जा सकता है।
इस हवन में सामान्यतः कितना समय लगता है?
समारोह के आकार के अनुसार सामान्यतः लगभग 1.5 से 2 घंटे लगते हैं।
₹6,5003,50046% छूट
+ पंडितजी द्वारा लिया जाने वाला यात्रा शुल्क, यदि लागू हो