महालया पूजा पितृ पक्ष की शुरुआत का प्रतीक है, जो पूर्वजों के सम्मान हेतु समर्पित पक्ष है, और दिवंगत परिजनों को प्रार्थना एवं तर्पण (जल अर्पण) करने के लिए की जाती है।
90 min फिजिकल Death & Ancestral Rituals
क्यों करें महालया पूजा?
पूर्वजों के सम्मान हेतु पावन अवधि के आरंभ का प्रतीक है
दिवंगत परिजनों की शांति एवं आशीर्वाद हेतु प्रार्थना करती है
हिंदू परंपरा में एक महत्वपूर्ण वार्षिक कर्तव्य को पूरा करती है
कब करें महालया पूजा ?
महालया अमावस्या पर की जाती है, जो पितृ पक्ष के आरंभ का प्रतीक अमावस्या तिथि है।
कैसे की जाती है महालया पूजा ?
संकल्प
परिवार सम्मानित किए जाने वाले पूर्वजों का नाम बताते हुए संकल्प लेता है।
तर्पण
पारिवारिक वंश के पूर्वजों को जल अर्पित किया जाता है।
प्रार्थना
दिवंगत आत्माओं की शांति एवं आशीर्वाद हेतु मंत्रोच्चार किया जाता है।
आवश्यक सामग्री
जल, काला तिल और कुशा घास
पूर्वजों का चित्र या प्रतीक
फूल और अक्षत
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
पितृ पक्ष क्या है?
यह हिंदू पंचांग में 16 दिनों की वह अवधि है जो विशेष रूप से प्रार्थना और अनुष्ठानिक अर्पण के माध्यम से अपने पूर्वजों का सम्मान और स्मरण करने हेतु समर्पित है।
क्या मुझे अपने पूर्वजों के निधन की सटीक तिथि जाननी आवश्यक है?
यह सहायक होता है परंतु सदैव आवश्यक नहीं — पितृ पक्ष के दौरान सामान्य तर्पण अनुष्ठान से सामूहिक रूप से पूर्वजों का सम्मान किया जाता है।
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